सूरज के पिता इंद्रराज राम (45 वर्ष) रोडवेज डिपो में प्लेटिनियम एजेंसी के तहत परिचालक (Conductor) के पद पर कार्यरत हैं। वह हरिद्वार रूट पर बस चलाते थे। परिजनों के अनुसार, वे पिछले चार दिन से लापता हैं।
चार दिन से नहीं लौटे घर, परिवार परेशान
रम्पुरा निवासी इंद्रराज राम 4 दिन पहले घर से यह कहकर निकले थे कि वे ड्यूटी पर जा रहे हैं, लेकिन उसके बाद से घर नहीं लौटे।
सूरज ने अधिकारियों को बताया कि पहले भी उनके पिता रोज़ाना ड्यूटी के लिए निकलते थे, इसलिए उन्हें लगा कि इस बार भी वही गए होंगे। लेकिन जब कई दिनों तक घर नहीं लौटे, तो उनकी मां सोस कलां और बहन चंद्रा कुमारी चिंतित हो उठीं। उन्होंने रिश्तेदारों और परिचितों से भी पूछताछ की, पर कोई सुराग नहीं मिला।
डिपो पहुंचा बेटा, मांगी अधिकारियों से मदद
शुक्रवार दोपहर सूरज अपने पिता की तलाश में खुद रोडवेज डिपो पहुंचा और अधिकारियों से कहा—
“अंकल! मेरे पापा चार दिन से घर नहीं आए हैं, आप प्लीज़ उन्हें ढूंढ दीजिए।”
उसकी मासूम आवाज़ सुनकर मौजूद अधिकारी भावुक हो उठे। उन्होंने बच्चे को भरोसा दिलाया कि जल्द ही उसके पिता को खोजने की पूरी कोशिश की जाएगी।
विभागीय कार्रवाई के बाद नहीं आ रहे थे ड्यूटी पर
डिपो सूत्रों के अनुसार, करीब एक माह पहले इंद्रराज राम को बिना टिकट सफर कराने के आरोप में पकड़ा गया था। इस पर विभागीय जांच शुरू की गई थी, जिसके बाद से वह ड्यूटी पर नहीं आ रहे थे। अब उनके बेटे द्वारा चार दिन से लापता होने की जानकारी दिए जाने के बाद मामला गंभीर हो गया है।
पुलिस में दी जाएगी तहरीर
रोडवेज डिपो के एआरएम राजेंद्र कुमार आर्य ने बताया कि बच्चे को पुलिस में तहरीर देने की सलाह दी गई है, ताकि मामले की जांच आगे बढ़ सके। विभाग भी अपने स्तर पर पूरी जानकारी जुटा रहा है।











