▪️ श्री गुरु राम राय जी महाराज व श्रीमहंत देवेन्द्र दास जी महाराज के जयकारों से द्रोणनगरी हुई गुंजायमान
▪️ शाम 4 बजकर 19 मिनट पर हुआ श्री झण्डे जी का ऐतिहासिक आरोहण
देहरादून।
“खुशियां नाल मनाईये जन्मदिन सद्गुरु दा… देखो देखो गुरां दा झण्डा चढ़या…” जैसे भजनों और श्री गुरु राम राय जी महाराज के जयकारों के बीच बुधवार को श्री दरबार साहिब में श्रद्धा का सागर उमड़ पड़ा। लाखों श्रद्धालुओं की मौजूदगी में 90 फीट ऊंचे श्री झण्डे जी का भव्य आरोहण संपन्न हुआ। इस पावन अवसर पर देश-विदेश से आए श्रद्धालुओं ने श्रद्धा और भक्ति भाव से श्री झण्डे जी के समक्ष शीश नवाया।
भव्यता और श्रद्धा का अद्भुत संगम
बुधवार सुबह सूरज की पहली किरण धरती पर पड़ने से पहले ही श्री दरबार साहिब परिसर और आसपास का क्षेत्र श्रद्धालुओं से खचाखच भर गया। श्रद्धालुओं ने श्री झण्डे जी को दूध, घी, शहद, गंगाजल और पंचगव्य से स्नान कराया। इसके बाद सादे और शनील के गिलाफ चढ़ाने की प्रक्रिया शुरू हुई। खास बात यह रही कि पूरे समय श्री झण्डे जी को श्रद्धालु अपने हाथों पर थामे रहे, एक पल के लिए भी ध्वजदंड को भूमि पर नहीं रखा गया।
शाम 4 बजकर 19 मिनट पर ऐतिहासिक आरोहण
शाम 3:50 बजे श्री दरबार साहिब के सज्जादे गद्दी नशीन श्रीमहंत देवेन्द्र दास जी महाराज ने श्री झण्डे जी के आरोहण की प्रक्रिया प्रारंभ करने का संकेत दिया। श्रद्धालुओं ने लकड़ी की कैंचियों को थामकर श्री झण्डे जी को उठाया और देखते ही देखते पूरा क्षेत्र “श्री गुरु राम राय जी महाराज की जय” के जयकारों से गूंज उठा। ठीक शाम 4 बजकर 19 मिनट पर श्री झण्डे जी का आरोहण पूर्ण हुआ। इस दौरान एक बाज ने श्री झण्डे जी की परिक्रमा की, जिसे संगतों ने श्री गुरु राम राय जी महाराज की दिव्य उपस्थिति का प्रतीक माना।
श्रद्धालुओं का उल्लास चरम पर
आरोहण की इस पावन बेला में श्रद्धालुओं ने ढोल-नगाड़ों की थाप पर नृत्य कर अपनी श्रद्धा प्रकट की। हर कोई श्री झण्डे जी को छूकर पुण्य अर्जित करने को आतुर दिखा। संगतों के बीच दर्शनी गिलाफ चढ़ने का दृश्य बेहद भावुक कर देने वाला रहा। श्रद्धालुओं की आंखों में श्रद्धा और भक्ति के आंसू छलक उठे।
देश-विदेश से उमड़ा श्रद्धालुओं का सैलाब
श्री झण्डे जी के आरोहण के साक्षी बनने के लिए देश-विदेश से श्रद्धालु पहुंचे। उत्तर प्रदेश, उत्तराखंड, पंजाब, हरियाणा, राजस्थान, हिमाचल प्रदेश समेत विभिन्न राज्यों से संगतें जुटीं। इसके अलावा विदेशी श्रद्धालु भी श्री झण्डे जी के दर्शन करने पहुंचे। श्रद्धालुओं ने पवित्र सरोवर में डुबकी लगाकर पुण्य लाभ अर्जित किया।
आधुनिक तकनीक से सजीव प्रसारण
इस वर्ष श्री दरबार साहिब मेला समिति ने श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए पांच बड़ी एलईडी स्क्रीनों पर मेले का सजीव प्रसारण किया। श्रद्धालुओं ने यूट्यूब और फेसबुक के माध्यम से भी श्री झण्डे जी का आरोहण लाइव देखा। ड्रोन कैमरे से की गई कवरेज भी आकर्षण का केंद्र रही।
श्रीमहंत देवेन्द्र दास जी महाराज का शुभकामना संदेश
आरोहण के बाद श्री दरबार साहिब के सज्जादे गद्दी नशीन श्रीमहंत देवेन्द्र दास जी महाराज ने देश-प्रदेशवासियों और संगतों को श्री झण्डा महोत्सव की हार्दिक शुभकामनाएं दीं। उन्होंने कहा,
“श्री झण्डा महोत्सव प्रेम, सद्भावना, भाईचारे और अमन-चैन का संदेश देता है। श्री झण्डे जी पर शीश नवाने से श्रद्धालुओं की मन्नतें पूरी होती हैं। मैं कामना करता हूं कि देशवासियों पर सदैव श्री गुरु राम राय जी महाराज की कृपा बनी रहे।”
पुलिस, प्रशासन और मीडिया का आभार
श्री झण्डा मेला आयोजन समिति ने मेले के सफल आयोजन में सहयोग देने के लिए पुलिस, प्रशासन और मीडिया कर्मियों का आभार व्यक्त किया। समिति के मुख्य व्यवस्थापक मधुसूदन सेमवाल ने सभी पदाधिकारियों, सदस्यों और दूनवासियों का धन्यवाद ज्ञापित किया।
श्रद्धा और भक्ति का प्रतीक बना श्री झण्डा महोत्सव
श्री झण्डा महोत्सव ने एक बार फिर आस्था, प्रेम और एकता का संदेश दिया। श्रद्धालुओं का उत्साह और भक्ति भाव इस आयोजन को अविस्मरणीय बना गया। श्री गुरु राम राय जी महाराज की कृपा से यह मेला हर वर्ष इसी भव्यता और श्रद्धा के साथ आयोजित होता रहे, यही कामना है।