देहरादून – जिलाधिकारी सविन बंसल और वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक अजय सिंह की संयुक्त अध्यक्षता में बल्लूपुर-पांवटा राष्ट्रीय राजमार्ग के निर्माण कार्य को लेकर अधिकारियों और ग्रामीणों के साथ एक अहम बैठक आयोजित की गई। बैठक में ग्रामीणों की समस्याओं और उनकी रिट पिटीशन पर विस्तृत चर्चा हुई।
जिलाधिकारी ने स्पष्ट निर्देश दिए कि स्थानीय बच्चों, महिलाओं और बुजुर्गों की सुरक्षा की कीमत पर हाईवे का निर्माण कार्य स्वीकार नहीं किया जाएगा। उन्होंने कहा कि यदि निर्माण योजना में खामियां हैं, तो उन्हें तत्काल दुरुस्त किया जाए।
एक सप्ताह में रिपोर्ट देने के निर्देश
डीएम ने एनएचएआई अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए कि ग्रामीणों द्वारा दिए गए सभी आवेदनों पर एक सप्ताह के भीतर रिपोर्ट प्रस्तुत करें। साथ ही, अंडरपास की सुरक्षा को लेकर मानसून सीजन के दृष्टिगत प्रमाण-पत्र भी सौंपा जाए।
अंडरपास जलभराव दृष्टिकोण से पूर्ण सुरक्षित होने का प्रमाण दें
जिलाधिकारी ने एनएचएआई को निर्देश दिया कि नाले पर बने अंडरपास को जलभराव के दृष्टिकोण से पूर्ण सुरक्षित प्रमाणित किया जाए। इसके लिए तकनीकी रिपोर्ट ग्रामीणों के साथ तत्काल साझा की जाए। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि एनएचएआई द्वारा लापरवाही बरती गई या रिपोर्ट में विलंब हुआ, तो प्रतिकूल रिपोर्ट माननीय हाईकोर्ट को सौंपी जाएगी।
मौके पर जांच के निर्देश
डीएम ने एनएचएआई अधिकारियों और उप जिलाधिकारी विकासनगर को निर्देशित किया कि वे स्वयं मौके पर जाकर ग्रामीणों की समस्याओं की जांच करें और समुचित रिपोर्ट प्रस्तुत करें।
बैठक में ये रहे मौजूद
बैठक में वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक अजय सिंह, उप जिलाधिकारी मुख्यालय शालिनी नेगी, उप जिलाधिकारी विकासनगर विनोद कुमार, एनएचएआई के मैनेजर राहुल मीना, सुमित कुमार सिंह, आरके दिनकर, ओमप्रकाश सिंह सहित स्थानीय ग्रामीण मौ आबिद, हनीफ आबिद, सराफत अली, मोहसिन अली, सुमन भट्ट और संजय दत्त भट्ट आदि उपस्थित रहे।