हरिद्वार : हरिद्वार जिले में एक बार फिर परिवारिक संबंधों का घिनौना चेहरा सामने आया है। बीते 2 अप्रैल 2026 को श्यामपुर कोतवाली क्षेत्र के ग्राम लाहड़पुर में बबलू नामक व्यक्ति की मौत को पहले आत्महत्या बताया गया, लेकिन पुलिस जांच में यह सनसनीखेज हत्याकांड निकला। पत्नी पूजा और उनकी नाबालिग बेटी ने मिलकर बबलू की हत्या कर दी और पूरे मामले को आत्महत्या का नाटक बनाने की कोशिश की। मामले का खुलासा तब हुआ जब बबलू का नाबालिग बेटा पुलिस के सामने आया और पूरी सच्चाई बता दी।
शनिवार को मायापुर पुलिस कार्यालय में एसपी सिटी अभय सिंह ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर इस पूरे हत्याकांड का विस्तृत खुलासा किया। उन्होंने बताया कि यह मामला सिर्फ एक हत्या नहीं, बल्कि पूर्व नियोजित साजिश का हिस्सा था।
पुलिस को पहली नजर में मामला संदिग्ध क्यों लगा?
2 अप्रैल की रात पूजा नाम की महिला ने श्यामपुर थाने को फोन कर बताया कि उसके पति बबलू शराब के नशे में आत्महत्या कर ली है। पुलिस तुरंत मौके पर पहुंची। शव देखते ही अधिकारियों को कई बातें संदिग्ध लगीं। शव की स्थिति, कमरे का हाल और पूजा का बयान मैच नहीं कर रहे थे।
इसी बीच बबलू के भाई राजू ने भी थाने पहुंचकर तहरीर दी। राजू ने साफ आरोप लगाया कि उनकी भाभी पूजा और भतीजी ने किसी युवक के साथ मिलकर बबलू का गला घोंटकर हत्या की है। राजू की तहरीर के आधार पर पुलिस ने तुरंत मुकदमा दर्ज कर लिया। एसएसपी नवनीत सिंह भुल्लर के निर्देश पर सीओ सिटी शिशुपाल सिंह नेगी की अगुवाई में विशेष टीम गठित की गई।
नाबालिग बेटे की गवाही ने खोला पूरा राज
पुलिस टीम ने सबसे पहले आस-पड़ोस के लोगों से पूछताछ की और फिर बबलू के बच्चों से बात की। यहीं से सबसे बड़ा खुलासा हुआ। बबलू का नाबालिग बेटा पुलिस के सामने रोते हुए बोला, “मां और बहन ने रात में तकिए से पापा का मुंह दबाकर उनकी हत्या कर दी थी।”
बच्चे की गवाही के बाद पूजा और उसकी नाबालिग बेटी को हिरासत में लिया गया। शुरुआती पूछताछ में ही दोनों ने अपना जुर्म कबूल लिया। पूजा ने बताया कि बबलू को उनके अवैध संबंधों की भनक लग गई थी। इसके बाद बबलू शराब पीकर उन्हें मारपीट करने लगा। इसी बात से नाराज होकर दोनों ने बबलू को रास्ते से हटाने की साजिश रची।
हत्या की साजिश: शराब में नींद की दवा, दुपट्टे से बंधे हाथ-पैर और तकिए से दबाया मुंह
पुलिस के अनुसार हत्या की पूरी योजना पहले से तैयार थी। घटना वाली रात दोनों आरोपियों ने बबलू की शराब में नींद की दवा (सल्फास) मिलाई। बबलू को शराब पिलाकर सुला दिया गया। जब वह बेहोश हो गया तो चारपाई पर दुपट्टों से उसके हाथ-पैर बांध दिए। इसके बाद तकिए से मुंह दबाकर गला घोंट दिया गया।
हत्या के बाद दोनों ने शव को दूसरे कमरे की चारपाई पर शिफ्ट कर दिया। मुंह में जहरीली दवा का घोल डाला गया ताकि आत्महत्या जैसा लगे। कमरे को बंद करके सुबह तक इंतजार किया गया। अगली सुबह पूजा ने पड़ोसियों और पुलिस को वही कहानी सुनाई जो उन्होंने पहले से तैयार की थी — “पति झगड़ा करके कहीं चला गया था और रात में आत्महत्या कर ली।”
घटनास्थल से बरामद हुए अहम सबूत
पुलिस ने मौके से कई महत्वपूर्ण सबूत बरामद किए हैं जिनसे हत्या की पुष्टि होती है। इनमें शामिल हैं:
बबलू का मोबाइल फोन
सल्फास (नींद की दवा) का खाली पैकेट
शराब का टेट्रा पैक
स्टील का गिलास जिसमें दवा मिलाई गई थी
दुपट्टे जिनसे हाथ-पैर बांधे गए थे
तकिया जिससे मुंह दबाया गया
ये सभी सबूत फॉरेंसिक जांच के लिए भेज दिए गए हैं।
पुलिस की कार्रवाई और आगे की जांच
एसपी सिटी अभय सिंह ने बताया कि पत्नी पूजा को गिरफ्तार कर लिया गया है। नाबालिग बेटी को बाल संरक्षण गृह में रखा गया है और कोर्ट में पेश किया गया। पुलिस अब यह भी जांच कर रही है कि क्या इस साजिश में कोई और व्यक्ति शामिल था या नहीं।












