उत्तराखंड : उत्तराखंड के मौसम ने एक बार फिर अपना रूप बदल लिया है। राज्य के पहाड़ी क्षेत्रों में बादलों की घनी छाया और लगातार बारिश के साथ ऊंची चोटियों पर हल्के हिमपात की घटनाएं दर्ज की गई हैं। इससे तापमान में थोड़ी गिरावट देखने को मिली है। मौसम विभाग के अनुसार निचले इलाकों में बारिश का सिलसिला जारी है, जबकि देहरादून और आसपास के क्षेत्रों में बारिश की तीव्रता कुछ कम हुई है। हालांकि पहाड़ी जिलों में स्थिति चिंताजनक बनी हुई है।
पिथौरागढ़ में तीसरे दिन भी चीन सीमा संपर्क बाधित, 23 सड़कें बंद
सीमांत जनपद पिथौरागढ़ में रविवार से लगातार तेज बारिश हो रही है। रात भर जारी रही वर्षा के कारण जिले में 23 सड़क मार्ग बंद हो गए हैं। स्थानीय प्रशासन ने सुरक्षा को देखते हुए आज स्कूलों और आंगनबाड़ी केंद्रों में छुट्टी की घोषणा कर दी है। पिथौरागढ़ से चीन सीमा का संपर्क तीसरे दिन भी पूरी तरह बाधित है।
कूलागाड़ के पास राष्ट्रीय राजमार्ग बंद होने से व्यास, दारमा और चौदास घाटियां पूरी तरह अलग-थलग पड़ गई हैं। इन क्षेत्रों की करीब 35 हजार आबादी प्रभावित है। मुनस्यारी-मिलम मार्ग भी बंद हो गया है, जिससे मल्ला जोहार घाटी के 13 गांवों सहित लगभग डेढ़ दर्जन गांवों का संपर्क कट गया है। पंचाचूली, हरदेवल, नंदा देवी और नंदा कोट की ऊंची चोटियों पर सुबह हल्का हिमपात दर्ज किया गया।
कैलास मानसरोवर यात्रा मार्ग पांच स्थानों पर बंद है। प्यलसीती के पास सड़क का एक हिस्सा बह गया है, जबकि नारायण आश्रम मार्ग दूसरे दिन भी बंद रहा। पहाड़ी क्षेत्रों में बार-बार भूस्खलन की घटनाएं हो रही हैं, जिससे आवागमन और भी कठिन हो गया है।
नैनीताल में 24 घंटे से लगातार बारिश, झील के निकासी द्वार खुले
नैनीताल में पिछले 24 घंटों से लगातार बारिश का दौर जारी है। एक सप्ताह से अधिक समय से नैनीताल झील के निकासी द्वार खुले रखे गए हैं। जिले में करीब 23 ग्रामीण सड़कों पर आवाजाही पूरी तरह बंद है। मौसम विभाग ने आज नैनीताल समेत छह जिलों में गर्जन के साथ भारी वर्षा की चेतावनी जारी की है।
देहरादून और आसपास के क्षेत्रों में बादल छाए रहे, हल्की बौछारें
देहरादून और आसपास के क्षेत्रों में दिनभर बादलों का डेरा रहा। कुछ इलाकों में हल्की बौछारें पड़ीं, जबकि दोपहर बाद हल्की धूप निकलने से उमस भी महसूस की गई। हेमकुंड साहिब, फूलों की घाटी और आसपास की पहाड़ियों पर हल्का हिमपात हुआ है। पहाड़ी इलाकों में भूस्खलन के कारण सड़क मार्ग बार-बार बाधित हो रहे हैं, जिससे स्थानीय लोगों और पर्यटकों की मुश्किलें बढ़ गई हैं।
मौसम विशेषज्ञों के अनुसार अगले कुछ दिनों तक पहाड़ी क्षेत्रों में मौसम अस्थिर बना रह सकता है। भारी वर्षा और हिमपात की संभावना को देखते हुए प्रशासन ने लोगों से सतर्क रहने की अपील की है। बंद सड़कों को जल्द खोलने के लिए प्रशासनिक टीमें सक्रिय हैं, लेकिन लगातार बारिश के कारण काम में बाधा आ रही है।








